बाल उपन्यास

                                                                               

परिदेश की सैर(भूमिका)

परिदेश की सैर

आविष्कारों की  कथा  

बालसखा

बालबोध

पृथ्वी की कहानी(-इंडियन  प्रेस ,लिमिटेड ,प्रयाग,१९३२ )  {upload in progress}

gubbara 

gubbara -2

Bal Kavitawali

Shishu 

विभिन्न पृष्ठ-१

विभिन्न पृष्ठ-२

बाल भारती

बाल गीत 

गाँधी जी

खेल घर

मीठी तानें

श्री गणेश एवं अन्य कहानियां 

दोनों भाई -कविता (प्रकाशन अक्टूबर १९३२,शिशु कार्यालय ,प्रयाग)

गरुण कथा और अन्य कहानियां (१९५८ ,दीदी कार्यालय, इलाहाबाद)

दो कुबड़े और अन्य कहानियां (१९५८ ,दीदी कार्यालय, इलाहाबाद)

जाओ बच्चों टिम्बक टू (१९४३,ज्ञानलोक लिमिटेड,प्रयाग)

सुनहरी नदी का देवता 

दस कथाएं 

मजेदार विज्ञान कथाएं (१९४४ ,ज्ञानलोक लिमिटेड ,प्रयाग) 

लम्पा चंपा

पिपेहरी

परिदेश

Srinath Singh in books of other writers

2 comments:

  1. मूर्धन्य बाल साहित्यकार ठाकुर श्रीनाथ सिंह की दुर्लभ औपन्यासिक कृति!...आपने इसे उपलब्ध कराके बाल साहित्य की बड़ी सेवा की है पुष्पेंद्र भाई। कैसे आभार प्रकट करूँ? मेरी पुस्तक 'हिंदी बाल साहित्य के शिखर व्यक्तित्व' में एक अध्याय ठाकुर श्रीनाथ सिंह जी पर भी है। उनकी जितनी चीजें मिल पाईं, सबका मैंने जिक्र किया। पर आपने इतनी और मूल्यवान चीजें उपलब्ध करवा दी हैं कि वह अध्याय अब फिर से लिखना पड़ेगा। पर बड़ा अच्छा लग रहा है कि आपने उनकी कृतियाँ इतने जतन से सहेजकर रख लीं। यह अपने आप में साहित्य की बहुत बड़ी सेवा है।

    सस्नेह, प्रकाश मनु

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  2. abhi bachon ke liye likhit thakur srinath singh ke anya rachnayen upload karni hain.

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